श्रीवचन भूषण – सूत्रं ३३
श्री: श्रीमते शठकोपाय नमः श्रीमते रामानुजाय नमः श्रीमद्वरवरमुनये नमः श्रीवानाचल महामुनये नम: पूरी शृंखला << पूर्व अवतारिका तत्पश्चात श्रीपिळ्ळै लोकाचार्य स्वामीजी प्रपत्ती के लिए माँगे गए परिणाम के आधार पर प्रतिबंधों की कमी के विषय में प्रश्न का उत्तर दे रहे हैं। सूत्रं – ३३ पल नियमम् इन्ऱिक्के ऒऴिन्दपडि ऎन्? ऎन्निल् धर्मपुत्रादिगळुक्कुप् पलम् राज्यम्; द्रौपदिक्कुप् पलम् … Read more